‘बदलते अहसास” कोई कहानी नही बल्कि हमारी जिंदगी का एक हिस्सा है| प्यार की कोई उम्र नही होती है ये वो अहसास है जो कभी भी हमारे मन मे जाग उठता है, और इसी अहसास के चलते इंसान या तो कमजोर बन जाता है या बनता है बागी|कहानी की किरदार माही को अपने से दुगनी उम्र के ऋषभ से प्यार हो जाता है जिसके चलते उन्हें कई सारी परेशानियों, समाज की कड़वी बातों और अपनों की नफरत का सामना करना पड़ता है| क्या समाज इस रिश्ते को अपना पायेगा? क्या ऋषभ ओर माही अपना प्यार बचा पाएंगे ?
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Ye kahaani main epadi hai hindi pratilioi pe…take it easy😁..i loved it