Sanjana Kirodiwal
Pasandida Aurat Season 2

Pasandida Aurat Season 2 – 61

by Story With Sanjana April 23, 2026
written by Story With Sanjana April 23, 2026 3 comments
1

Pasandida Aurat Season 2 – 61

Pasandida Aurat Season 2
Pasandida Aurat Season 2 by Sanjana Kirodiwal

जयदीप के केबिन से निकलकर पृथ्वी अपने केबिन में चला आया। अंकित ने आते ही उसे पेपर्स दिए और पृथ्वी उन्हें लेकर अपने लेपटॉप के सामने आ बैठा। पृथ्वी अपना काम करने लगा। पृथ्वी को सीरियस देखकर बाकि सब भी चुपचाप अपना काम करने लगे।

देसाई ग्रुप एंड कम्पनी , वाशी
अपने केबिन में बैठे मिस्टर देसाई काफी परेशान नजर आ रहे थे उनके सामने रखी कॉफी लगभग ठंडी हो चुकी थी और वे ना जाने किस सोच में डूबे थे। मिस्टर देसाई के मैनेजर भरत ने जब ये देखा तो कहा,”सर ! सर आप ठीक है ना ?”
भरत की आवाज से मिस्टर देसाई की तन्द्रा टूटी और उन्होंने कहा,”अह्ह्ह्ह ! हाँ मैं ठीक हूँ”
“आपकी कॉफी ठंडी हो गयी है मैं दूसरी मंगवा देता हूँ”,भरत ने कहा

“नहीं इसकी जरूरत नहीं है , वैसे भी मुझे एक मीटिंग के सिलसिले में बाहर जाना है”,मिस्टर देसाई ने बुझे स्वर में कहा
“सर ! बुरा ना माने तो क्या मैं आपसे कुछ पूछ सकता हूँ ?”,भरत ने कहा
“हाँ पूछो ना भरत , क्या बात है ?”,मिस्टर देसाई ने भरत की तरफ देखकर कहा
“सर मैं देख रहा हूँ कुछ दिन से आप काफी परेशान नजर आ रहे है। सब ठीक है न सर ?”,भरत ने अपनेपन से पूछा

मिस्टर देसाई ने एक ठंडी आह भरी और कहा,”कुछ ठीक नहीं है भरत , प्राची की मनमानियां दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है और मैं कुछ नहीं कर पा रहा हूँ , ऐसा ही चलता रहा तो आगे जाकर मुझे ये कम्पनी बंद करनी पड़ेगी और इसके साथ ही कितने लोगो की नौकरी चली जाएगी”
मिस्टर देसाई की बात सुनकर भरत के चेहरे पर भी परेशानी के भाव उभर आये और उसने कहा,”आप सही कह रहे है सर , प्राची मैडम इस कम्पनी की अगली CEO बनने वाली है और अगर वही इसे सीरियस नहीं लेंगी तो फिर कम्पनी बर्बाद का होना तय है”

“समझ नहीं आ रहा भरत कि मैं क्या करू ?”,कहते हुए मिस्टर देसाई ने अपना सर झुका लिया
भरत कुछ देर खामोश रहा और फिर कहा,”सर ! क्यों ना आप इस कम्पनी के लिए एक नया CEO चुन ले”
मिस्टर देसाई ने अपना सर उठाया और भरत की तरफ देखकर कहा,”मैं तुम्हारी बात समझा नहीं भरत”
“सर ! मेरे कहने का मतलब है कि प्राची मैडम आपकी इकलौती बेटी है और आपकी जायदाद की वारिस भी लेकिन जैसा कि आपको लगता है वे अकेले ये सब नहीं सम्हाल पाएंगी ,,

अगर आप प्राची मैडम की शादी कर दे तो अपने बिजनेस और कम्पनी की जिम्मेदारी अपने दामाद के कंधो पर डाल सकते है। इस से आपकी कम्पनी भी बर्बाद होने से बच जाएगी और आपके बाद प्राची मैडम का ख्याल रखने वाला भी कोई होगा,,,,,,,,,,,,,माफ़ करना सर अगर मेरी बात आपको बुरी लगे”,भरत ने कहा
मिस्टर देसाई ने जैसे ही सुना उनकी आँखे चमक उठी और चेहरे पर एक सुकून का भाव उभर आया। उन्होंने भरत को देखा और कहा,”नहीं भरत तुम्हे माफ़ी मांगने की जरूरत नहीं है,,,,,,,,तुमने सही कहा”
“जी सर,,,,,,,!!!”,भरत मुस्कुराया

“एक काम करो भरत , प्राची के लिए एक अच्छा लड़का देखो जो हमारे बिजनेस को भी सम्हाल सके और इसे और उंचाईयों पर ले जा सके”,मिस्टर देसाई ने भरत की तरफ देखकर कहा
“जी सर , बिल्कुल”,भरत ने भी खुश होकर कहा
मिस्टर देसाई ने अपनी कलाई पर बंधी घडी में समय देखा और फिर अपनी कुर्सी से उठ खड़े हुए। उन्होंने अपना फोन और अपना कोट उठाया और कहा,”मीटिंग का टाइम हो गया है बाकि बाते रास्ते में कर लेंगे,,,,,,,,,,,आओ चले”

मिस्टर देसाई दरवाजे की तरफ बढ़ गए और भरत भी उनके पीछे पीछे चला आया। उसी केबिन की खिड़की के पास खड़ा नीलेश सब सुन रहा था। प्राची के लिए लड़का देखने की बात सुनकर ना जाने क्यों उसके चेहरे पर उदासी के भाव तैरने लगे और वह वहा से चला गया।

आनंद निलय अपार्टमेंट , पनवेल
नाश्ता करने के बाद सुरभि और अवनि तैयार होकर सोसायटी से बाहर चली आयी। जैसा की सुबह तय हुआ था आज दोनों शॉपिंग पर जाने वाली थी। सुरभि के आ जाने से अवनि बहुत खुश थी। उसने नीले रंग का सुनहरी किनारी वाला सूट पहना था साथ में गले में दुपट्टा था , बालों की उसने बहुत ही सुन्दर चोटी बनाई थी और कानो में डायमंड और स्टोन वाले झुमके जो उसके सूट पर और भी प्यारे लग रहे थे। मेकअप के नाम पर बस उसने आँखों में काजल , ललाट पर लाल बिंदी , होंठो पर हलकी लिपस्टिक और मांग में सिंदूर लगाया था। वही आज सुरभि भी बला की खूबसूरत लग रही थी।

ढीली जींस और उस पर स्लीवलेस हरे रंग की कुर्ती , उसके बाल अवनि से छोटे थे जो बस कंधो से कुछ नीचे आते थे इसलिए उसने उन्हें खुला ही छोड़ दिया। एक हाथ में घडी और दूसरे हाथ में लकड़ी और स्टील से बने तरह तरह के कड़े पहन लिए। गले में उसने चैन पहने से पहन रखी थी और कानों में भी छोटे छोटे बूंदे पहन लिए , उसके होंठो पर लिपस्टिक और आँखों में गहरा काजल था।

दोनों बिल्डिंग से बाहर आयी और पैदल ही सोसायटी के गेट की तरफ चल पड़ी जहा से उन्हें रिक्शा मिलने वाला था। चलते चलते सामने से आते हिमांशु भैया को देखकर अवनि रुक गयी। अवनि रुकी तो सुरभि को भी रुकना पड़ा।

“नमस्ते भैया”,अवनि ने हिमांशु को देख हाथ जोड़ते हुए कहा
“खुश रहो,,,,,,,कैसी हो अवनि ?”,हिमांशु ने पूछा
“मैं ठीक हूँ। आप कैसे है ?”,अवनि ने पूछा
“मैं भी ठीक हूँ , फ़िलहाल तो साक्षी मैडम की खातिरदारी में लगा हूँ,,,,,,अगले महीने उसकी डिलीवरी है न”,हिमांशु ने कहा और मुस्कुरा दिया

“कॉन्ग्रैचुलेशन,,,,,,,,,,,!!!”,अवनि ने मुस्कुरा कर कहा
“थैंक्यू ! वैसे ये ?”,हिमांशु ने सुरभि की तरफ देखकर पूछा
“ये मेरी दोस्त है ‘सुरभि’ , मुझसे मिलने आयी है”,अवनि ने कहा
हिमांशु ने सुरभि की तरफ देखा और कहा,”हेलो ! कैसा लगा मुंबई ?”
“हाय ! मुंबई अच्छा है , आप लोग बात कीजिये मैं अभी आयी”,सुरभि ने अपने हाथ में पकडे फोन को बजते देखकर कहा

सुरभि के जाने के बाद हिमांशु अवनि की तरफ पलटा और कहा,”अच्छा अवनि ! मैं तुमसे और पृथ्वी से मिलने आने वाला था”
“हम दोनों से , कुछ बात हुई क्या भैया ?”,अवनि ने कहा और उसी के साथ उसके चेहरे पर चिंता के भाव उभर आये।
अवनि को परेशान देखकर हिमांशु ने कहा,”अरे घबराओ नहीं , तुम्हारे और पृथ्वी के लिए एक अच्छी खबर है।

परसो होली है और हमारे यहाँ ये होता है कि होलिका दहन और उसके अगले दिन घर की नयी बहू अपनी पहली होली पर अपने ससुराल और पति के साथ नहीं रहती है इसलिए सभी घरवालों ने मिलकर ये फैसला किया है कि दो दिन तुम मेरे घर में रहोगी”
“क्या घरवालों ने मुझे और पृथ्वी को माफ़ कर दिया है ?”,अवनि ने पूछा
“अह्ह्ह नहीं ! पर हो सकता है होली के बाद वो तुम दोनों को माफ कर दे। अवनि ये अच्छा मौका है सभी घरवालों का दिल जीतने का”,हिमांशु ने कहा

“हाँ लेकिन पृथ्वी , उनसे पूछे बिना मैं आपके घर नहीं आ सकती”,अवनि ने कहा
“अरे उसकी चिंता तुम मत करो , मैं कल सुबह तुम्हे लेने आऊंगा तब पृथ्वी से भी बात कर लूंगा वो ना नहीं कहेगा,,,,,,,,,!!”,हिमांशु ने कहा तो अवनि सोच में पड़ गयी हालाँकि हिमांशु पर अवनि को भरोसा था क्योकि घर में बस हिमांशु ही था जो अवनि और पृथ्वी को साथ देखकर खुश था।

अवनि को सोच में डूबा देखकर हिमांशु ने कहा,”डरो मत अवनि वहा सब तुम्हारे अपने है,,,,,,,,,,ये बस एक रस्म होती है जो हमारे घर में दादी के समय से चली आ रही है। इस वक्त पृथ्वी घर में किसी की बात सुनेगा नहीं इसलिए सबने मुझे उस से बात करने भेजा,,,,,,,,,,,,!!!!”
“मैं डर नहीं रही हूँ भैया , मैं खुश हूँ कम से कम सबने मुझे एक मौका देने का सोचा,,,,,,,,,आप पृथ्वी से बात कर लीजिये अगर वो हाँ कहेंगे तो मैं आपके घर आने के लिए तैयार हूँ,,,,,,,,,!!!”,अवनि ने सहजता से कहा
“ठीक है उसकी चिंता मत करो मैं बात कर लूँगा”,हिमांशु ने कहा

हिमांशु की बात खत्म हुई कि इतने में सुरभि वापस चली आयी और कहा,”चले अवनि ?”
“भैया ! हम लोग जाए ?”,अवनि ने सामने खड़े हिमांशु से पूछा
“हाँ हाँ जाओ और हाँ ध्यान से जाना , अभी ये शहर नया है तुम्हारे लिए,,,,,,,,,,!!!”,हिमांशु ने कहा और वहा से चला गया।
“कौन था ये ?”,सुरभि ने जाते हिमांशु को देखकर पूछा

“पृथ्वी के भैया है , बड़े पापा के बेटे होली पर कोई रस्म होगी जिसमे मुझे घर आने के लिए इन्वाइट कर रहे थे”,अवनि ने कहा
“ओह्ह्ह अच्छा ! फिर भी बी केयरफुल अवनि”,सुरभि ने अवनि के साथ आगे बढ़ते हुए कहा
“सुरभि ! वो लोग इतने बुरे भी नहीं है”,अवनि ने कहा
दोनों बातें करते हुए सोसायटी से बाहर चली आयी और शॉपिंग के लिए निकल गयी।  

सीवुड्स ग्रैंड सेंट्रल मॉल , नवी मुंबई
सुरभि और अवनि मॉल पहुंची। ये नवी मुंबई का सबसे फेमस मॉल है। यहाँ 500 से अधिक राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय ब्रांड मौजूद हैं। यह 4 मंजिलों में बंटा है। मनोरंजन के लिए इसमें 11 स्क्रीन वाला Multiplex बना है , बच्चों और वयस्कों के लिए गेमिंग ज़ोन है , यहाँ कई प्रकार के कैफे और restaurants हैं जहा बहुत ही लजीज खाना मिलता है और सबसे अच्छी बात कि ये स्टेशन से बहुत पास है जिससे नवी मुंबई और मुंबई वाले लोगो को आने जाने की सुविधा बनी रहे।

जैसे अवनि के लिए ये शहर और इस शहर की चकाचोंध नई थी वैसे ही सुरभि के लिए भी ये शहर किसी सपने की दुनिया से कम नहीं था। दोनों मॉल के अंदर चली आयी। सुरभि की नौकरी थी और उसे अच्छी ख़ासी तनख्वाह मिलती थी , वही अवनि के पास भी सेविंग्स थी और हर महीने उसे उसकी किताबो की रॉयल्टी आ जाया करती थी इसलिए दोनों खुले दिल से पैसे खर्च करने लगी। सुरभि ने अपने लिए , अपने मम्मी पापा और भाई के लिए शॉपिंग की साथ ही अवनि और पृथ्वी के लिए भी क्योकि वह उन दोनों को शादी का तोहफा जो नहीं दे पायी थी।

अवनि ने अपने लिए कुछ नहीं खरीदा उसने बस पृथ्वी की जरूरतों को याद किया और उसके लिए खरीदारी की। पृथ्वी के लिए खरीदारी करते हुए अवनि के चेहरे पर एक अलग ही सुकून और आँखों में चमक थी।
पृथ्वी के लिए कपडे देखते हुए अवनि ने सफ़ेद रंग का एक शर्ट उठाया और सुरभि के पास आकर कहा,”सुरभि ये कैसा है ?”

सुरभि ने शर्ट देखा और कहा,”क्या तुम ये पृथ्वी के लिए खरीद रही हो ?”,
अवनि ने मुस्कुराते हुए हामी में गर्दन हिला दी तो सुरभि ने खुश होकर कहा,”बहुत अच्छा है , ये उस पर बहुत सही लगेगा”
“हाह ! बहुत ही बेकार चॉइस है तुम्हारी,,,,,,,,,,पृथ्वी पर वाइट नहीं ब्लेक ज्यादा सुट करेगा”,एक जाने पहचानी आवाज सुरभि और अवनि के कानों में पड़ी दोनों ने पलटकर देखा तो हैरान रह गयी। प्राची देसाई पास ही की रॉ में शर्ट देख रही थी और अगले ही पल रॉ से एक काले रंग का शर्ट निकालकर सुरभि और अवनि की तरफ पलटी।

प्राची का यहाँ होना कोई इत्तेफाक नहीं था दरअसल मिस्टर देसाई की बात सुनकर वह अपना हुलिया सुधारने यहाँ के पार्लर में चली आयी थी। पार्लर से फ्री होकर प्राची जाने लगी पर जैसे ही उसकी नजर सुरभि और अवनि पर पड़ी तो वह भी उनके पीछे इस शोरूम में चली आयी ताकि अवनि को थोड़ा और जान सके। चूँकि अवनि पृथ्वी की पत्नी है इसलिए प्राची को उस से सीधे मुँह बात करना कभी आया ही नहीं।


प्राची को अपने सामने देखकर अवनि ने कोई प्रतिक्रया नहीं दी लेकिन सुरभि की भँवे तन गयी और उसने कहा,”लगता है रात की उतरी नहीं है तुम्हारी , कहो तो तुम्हारे लिए लेमन जूस मंगवा दू ?”
“हाह ! तुम्हारी औकात है जो तुम मेरे लिए ड्रिंक अफ़्फोर्ड कर सको ?”,प्राची ने घमंड भरे स्वर में कहा
सुरभि ने सुना तो उसका खून खौल गया लेकिन प्राची जैसे लोगो को कैसे जवाब देना है ये सुरभि को बहुत अच्छे से आता था इसलिए वह प्राची को देखकर मुस्कुराई और कहा,”हाँ सही कहा तुमने , चीप लोगो के लिए चीप ड्रिंक्स यहाँ नहीं मिलती और ना ही मैं अफ़्फोर्ड कर सकती हूँ”

“यू ब्लडी,,,,,,,,,,,,!!!”,कहते हुए प्राची जैसे ही सुरभि की तरफ बढ़ी अवनि ने उसके सामने अपना हाथ करके कहा,”स्टॉप इट प्राची,,,,,,,,,,,,ये क्या बदतमीजी है”
“बदतमीजी ये कर रही है या मै ?”,प्राची ने पीछे हटकर गुस्से से कहा
“दुसरो के पति पर नजर तुम रखो और बदतमीजी मैं कर रही हूँ,,,,,,,,,,,वाह आजकल की लड़कियों का जवाब नहीं”,सुरभि ने प्राची को ताना मारकर कहा

प्राची ने सुना तो अंदर ही अंदर जल भुन गयी और कहा,”मैंने अपना ओपिनियन दिया है कोई बदतमीजी नहीं की , वाइफ होकर इसे ये तक नहीं पता कि इसके पति पर क्या अच्छा लगेगा ? हाह ! तुम दोनों सच में पति पत्नी हो भी या लोगो के सामने सिर्फ दिखावा कर रहे हो ? मुझे तो बेचारे पृथ्वी पर तरस आ रहा है ही डिजर्व बेटर और कहा उसे ये बहनजी मिल गयी,,,,,,,,,,!!!”

सुरभि पर जब जोर नहीं चला तो प्राची ने अवनि को नीचा दिखाना शुरू कर दिया। अवनि ख़ामोशी से सब सुन रही थी लेकिन सुरभि ने जब अवनि के लिए गलत सुना तो प्राची की तरफ बढ़ी लेकिन अवनि ने उसे रोक लिया और धीरे से कहा,”जाने दो सुरभि ! यहाँ तमाशा नहीं करते है”

“तमाशा ? ये जाहिल लड़की बदतमीजी कर रही है और तुम कह रही हो जाने देते है,,,,,,,,,,इसकी हिम्मत कैसे हुई ये सब बोलने की ? इसे तो मैं,,,,,,,!!!”,सुरभि ने प्राची की तरफ देखकर गुस्से से कहा
सुरभि को चिढ़ा हुआ देखकर प्राची मुस्कुराने लगी , यही तो वह चाहती थी सुरभि और अवनि का मूड खराब करना और वह लगभग कर भी चुकी थी।

प्राची को मुस्कुराते देखकर अवनि ने कहा,”सही कहा तुमने पृथ्वी डिजर्व बेटर और इसलिए मेरे पास है,,,,,,,तुम्हारी बदतमीजियों का जवाब मैं तुम्हे तुम्हारी ही भाषा में दे सकती हूँ लेकिन तुम इस लायक भी नहीं हो कि मैं तुम पर अपने शब्द जाया करू,,,,,,,,,,मैंने अपने पति के लिए सफ़ेद चुना क्योकि वो ऐसे ही है साफ , निश्छल और सरल लेकिन तुमने तो रंग भी अपने मन के हिसाब से चुना काला , जैसे कि तुम्हारा मन , तुम्हारी सोच और तुम्हारे इरादे,,,,,,,,,,,इसलिए बेहतर होगा आइंदा तुम अपना ओपिनियन किसी शादीशुदा लड़की को तो बिल्कुल भी ना दो ,, तुम्हारा ओपिनियन उनके किसी काम का नहीं है”

प्राची ने सुना तो उसकी आँखों में गुस्से और चेहरे पर जलन के भाव नजर आने लगे वही सुरभि के दिल को जो तसल्ली मिली है वह उसके चेहरे पर साफ दिखाई दे रही थी। प्राची अवनि की तरफ बढ़ी और उसकी आँखों में देखकर गुस्से से कहा,”तुम खुद को समझती क्या हो हाँ , और हो क्या तुम मेरे सामने ?”
अवनि हल्का सा मुस्कुराई और सहजता कहा,”Google कर लेना”
अवनि ने इतना कहा और सुरभि का हाथ पकड़कर जैसे ही वहा से जाने लगी प्राची ने गुस्से से कहा,”आखिर किस बात का इतना घमंड है तुम्हे ?”

अवनि चलते चलते रुकी और प्राची के सामने चली आयी उसने प्राची को एक नजर देखा और उसकी आँखों में देखकर कहा,”जिस पृथ्वी को अपना बनाने का सपना तुम देख रही हो , वो मेरा पति है,,,,,इसलिए दूर रहो उस से”
कहकर अवनि जैसे ही प्लटी प्राची ने कहा,”और अगर नहीं रही तो , तो तुम क्या कर लोगी ?”
अब तक अवनि प्राची के साथ बहुत ही शांति और समझदारी से पेश आ रही थी लेकिन प्राची की ये बात सुनकर वह पलटी और प्राची का पकडा और मोड़कर उसकी पीठ से लगाकर कहा,”तो मैं तुम्हारा वो हाल करुँगी कि जिंदगी में किसी को ओपिनियन देने लायक नहीं रहोगी,,,,,,,,,,,!!!”

अवनि के हाथ की पकड़ इतनी मजबूत थी कि प्राची बिलबिला उठी , अवनि ने उसका हाथ छोड़कर उसे साइड में धकेला और सुरभि को साथ लेकर वहा से चली गयी।
प्राची ने अपने हाथ की कलाई को सहलाते हुए जाती हुई अवनि को देखा और गुस्से भरे स्वर में कहा,”आई हेट यू ! आई जस्ट हेट यू,,,,,,,,,,,,,,!!!!”

( क्या मिस्टर देसाई ढूंढने वाले है प्राची के लिए लड़का और लेने वाले है उसके लिए कोई अहम फैसला ? क्या पृथ्वी मानेगा हिमांशु की बात और भेजेगा अवनि को खुद से दूर ? क्या हो चुकी है अवनि और प्राची की दुश्मनी की शुरुआत ? जानने के लिए पढ़ते रहिये “पसंदीदा औरत” मेरे साथ )

Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61

Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61Pasandida Aurat Season 2 – 61

  • Continue With Pasandida Aurat Season 2 – 62
  • Follow Me On https://www.instagram.com/sanjanakirodiwal/

संजना किरोड़ीवाल 

Pasandida Aurat Season 2
Pasandida Aurat Season 2 by Sanjana Kirodiwal
Pasandida Aurat Season 2
Pasandida Aurat Season 2 by Sanjana Kirodiwal
#Banaras#haanYeMohabbatHai#Love-You-Jindgi#Lovestory#MainTeriHeer#Manmarjiyan#Pasandida Aurat#Romantic_novel#romanticLoveStory#SanjanaKirodiwalPasandida AuratPasandida Aurat Prathvi and Awni storypasandida aurat sanjana kirodiwalPasandidaAurat Season 2sanjana kirodiwal pasandida auratsanjanakirodiwal
Share 0 FacebookTwitterPinterestEmail
Story With Sanjana

मैं कोई Writer नहीं , बल्कि एक चोर हु जो लोगो का समय चुराती है !

previous post
Manmarjiyan Season 4 – 36
next post
Manmarjiyan Season 4 – 37

You may also like

Pasandida Aurat Season 2 – 103

June 30, 2026

Pasandida Aurat Season 2 – 102

June 29, 2026

Pasandida Aurat Season 2 – 101

June 28, 2026

Pasandida Aurat Season 2 – 100

June 27, 2026

Pasandida Aurat Season 2 – 99

June 26, 2026

Pasandida Aurat Season 2 – 98

June 25, 2026

Pasandida Aurat Season 2 – 97

June 24, 2026

Pasandida Aurat Season 2 – 96

June 23, 2026

Pasandida Aurat Season 2 – 95

June 22, 2026

Pasandida Aurat Season 2 – 94

June 18, 2026

3 comments

Kshmata Chauhan April 23, 2026 - 11:48 am

Aery wha…kya yeh Avni hee hai…jisne prachi ko uski aukat dikhai… mujhe to ab tak yakeen nhi ho rha hai ki jo Avni shant aur chup rathi hai…usne Prachi ko sabak sikhaya ..aaj to sabne Prithvi k liye Avni ka pyar dekha…yeh baat to Prithvi ko bhi pta honi chahiye…hmmmm Surbhi btayegi Prithvi ko yeh sab…

Reply
Nency Patel April 23, 2026 - 12:41 pm

Bohot shi kiya prachi ke sath avni ne yaar koi itna ghatiya kaise ho sakta hai

Reply
Nency Patel April 24, 2026 - 11:41 am

Please next part upload kr dijiye

Reply

Leave a Comment Cancel Reply

Save my name, email, and website in this browser for the next time I comment.

Loading

अकेली लड़की in जयपुर" को एक कहानी ना कहकर "मेरा अनुभव" कहा जाए तो बेहतर होगा। एक ऐसी लड़की की कहानी जो अपने हुनर और जरूरतों के बीच पिसती नजर आती है। जो अपने सपनो को पूरा करने के लिए हर बार एक नयी कोशिश करती है बस हार नहीं मानती , अकेलेपन से एकांत का ये सफर आपको सोचने पर मजबूर कर देगा और अंत में आप खुद को अपने सपनो के करीब पाएंगे,,,,,,,,!!

अकेली लड़की in जयपुर" को एक कहानी ना कहकर "मेरा अनुभव" कहा जाए तो बेहतर होगा। एक ऐसी लड़की की कहानी जो अपने हुनर और जरूरतों के बीच पिसती नजर आती है। जो अपने सपनो को पूरा करने के लिए हर बार एक नयी कोशिश करती है बस हार नहीं मानती , अकेलेपन से एकांत का ये सफर आपको सोचने पर मजबूर कर देगा और अंत में आप खुद को अपने सपनो के करीब पाएंगे,,,,,,,,!!

Categories

  • Aa Ab Lout Chale (7)
  • Aakashwani (1)
  • Aur Pyar Ho Gaya (26)
  • Badalte Ahasas (14)
  • Banaras Blog (2)
  • Benam Sa Ak Rishta (1)
  • Bepanah Ishq (17)
  • Funny Story With Sanjana Kirodiwal (3)
  • Geetanjali (1)
  • Haan Ye Mohabbat Hai (49)
  • Haan Ye Mohabbat Hai – Season 2 (51)
  • Haan Ye Mohabbat Hai – Season 3 (102)
  • Hamari Adhuri Kahani (1)
  • Ishq Ak Junoon (7)
  • Ishq Ka Rang Safed (1)
  • Kitni Mohabbat Hai (54)
  • Kitni Mohabbat Hai Season 2 (1)
  • Lette hi neend aagyi (10)
  • Love Story (6)
    • 2nd Marriage (1)
    • Ak Plate Biryani (1)
    • Is This love ? (1)
    • Ladke Rote Nahi (1)
    • My Crazy Lover (1)
    • Piya Bawre (1)
  • Love You Zindagi (100)
  • Love You Zindagi Season 3 (49)
  • Main Teri Heer (90)
  • Main Teri Heer Season 2 (40)
  • Main Teri Heer Season 3 (45)
  • Main Teri Heer Season 4 (89)
  • Main Teri Heer Season 5 (90)
  • Manmarjiyan Season 1 (53)
  • Manmarjiyan Season 3 (99)
  • Manmarjiyan Season 4 (67)
  • Manmarjiyan Season 5 (42)
  • Meri Aakhari Mohabbat (25)
  • Pakizah Ak Napak Jindagi (50)
  • Pasandida Aurat (113)
  • Pasandida Aurat Season 2 (106)
  • Pasandida Aurat Season 3 (63)
  • Poem (1)
  • Ranjhana (61)
  • Sakinama (29)
  • Shah Umair Ki Pari (49)
  • Story (188)
    • Ak Dard Apna Sa – 1 (1)
    • Kashmir Ki Panaho Me (3)
    • Short Story (4)
      • Ik Ladki Bhigi-Bhagi Si (1)
      • Mera Pahla Or Aakhri Sawan (1)
      • Mere Papa-Bachpan Ki Naw (1)
    • Soulmates aren't just lovers (11)
    • मोहल्ला 24 बट्टे 7 (1)
  • Tere Ishq Me (21)
  • Tere Shahar Me (1)
  • मनमर्जियाँ season 1 (47)
  • मनमर्जियाँ season 2 (98)
  • साक़ीनामा Poetry (1)
  • Facebook
  • Instagram
  • Youtube

@2026 - All Right Reserved. Sanjana Kirodiwal

Sanjana Kirodiwal